रैली, हस्ताक्षर अभियान सहित विभिन्न गतिविधियों में महिलाओं की उत्साहपूर्ण सहभागिता….
33 प्रतिशत आरक्षण प्रस्ताव पर महिलाओं ने जताया आभार, निर्णय प्रक्रिया में भागीदारी होगी सुदृढ़….
रायगढ़ / नगर निगम रायगढ़ के प्रियदर्शी बाबा ऑडिटोरियम में आज नारी शक्ति वंदन कार्यक्रम का भव्य एवं गरिमामय आयोजन किया गया, जिसमें जिलेभर से बड़ी संख्या में महिलाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम का शुभारंभ भारत माता एवं छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र के समक्ष दीप प्रज्वलन के साथ हुआ। इसके पश्चात छत्तीसगढ़ राज्य गीत एवं वंदे मातरम् का सामूहिक गायन कर देशभक्ति एवं नारी सम्मान का संदेश दिया गया। कार्यक्रम की शुरुआत से ही पूरे परिसर में जागरूकता, ऊर्जा और सहभागिता का वातावरण बना रहा।
कार्यक्रम से पूर्व शहर के डॉ. भीमराव अंबेडकर चौक में उनकी प्रतिमा पर माल्यार्पण कर एक भव्य जागरूकता रैली निकाली गई। रैली में सैकड़ों महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लेते हुए “नारी शक्ति जिंदाबाद” और “नारी का सम्मान, देश का अभिमान” जैसे नारों के माध्यम से समाज में जागरूकता का संदेश दिया। रैली कलेक्टोरेट परिसर से होते हुए ऑडिटोरियम तक पहुंची। इस दौरान महिलाओं ने मिस कॉल एवं हस्ताक्षर अभियान के माध्यम से भी प्रस्तावित नारी शक्ति वंदन अधिनियम के समर्थन में अपनी सहभागिता दर्ज कराई, जिससे जनभागीदारी का सशक्त स्वर सामने आया।
सम्मेलन के दौरान विभिन्न वक्ताओं ने अपने विचार रखते हुए कहा कि प्रस्तावित नारी शक्ति वंदन अधिनियम महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है। यह अधिनियम लोकसभा एवं विधानसभा में महिलाओं के लिए 33 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान सुनिश्चित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है, जिससे महिलाओं की निर्णय प्रक्रिया में भागीदारी बढ़ेगी और लोकतंत्र अधिक समावेशी एवं सुदृढ़ बनेगा।
जिला पंचायत अध्यक्ष शिखा रविन्द्र गबेल ने अपने संबोधन में कहा कि नारी शक्ति ही राष्ट्र की वास्तविक शक्ति है। उन्होंने कहा कि यह प्रस्ताव महिलाओं को उनके अधिकार दिलाने और समाज में उनकी भूमिका को सशक्त बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। उन्होंने महिलाओं से आह्वान किया कि वे अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहें और राष्ट्र निर्माण में सक्रिय भागीदारी निभाएं। आशा त्रिपाठी ने अपने संबोधन में कहा कि महिलाओं के सम्मान और स्वाभिमान को बढ़ाने के लिए निरंतर प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं ने महिलाओं के जीवन स्तर में सकारात्मक परिवर्तन लाया है और यह प्रस्ताव उनके आत्मविश्वास को और मजबूत करेगा। डॉ. ऋतु शर्मा ने कहा कि महिलाएं परिवार, समाज और राष्ट्र की आधारशिला हैं। उन्होंने कहा कि शासन द्वारा दिए जा रहे अधिकारों का सदुपयोग करते हुए महिलाओं को समाज के समग्र विकास में अपनी भागीदारी सुनिश्चित करनी चाहिए।
शीला तिवारी ने कहा कि लंबे समय से महिलाओं के राजनीतिक आरक्षण की मांग की जा रही थी और यह प्रस्ताव उस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने इसे महिलाओं के सशक्तिकरण का सुनहरा अवसर बताते हुए इसके प्रति समर्थन व्यक्त किया। पूनम सोलंकी ने कहा कि यह पहल महिलाओं को निर्णय प्रक्रिया में समान भागीदारी दिलाने का मार्ग प्रशस्त करेगी। उन्होंने कहा कि महिलाएं हर क्षेत्र में अपनी क्षमता साबित कर चुकी हैं और अब उन्हें नेतृत्व के अवसर भी मिलेंगे। श्रीमती मधुलता पटेल ने अधिनियम के प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि यह प्रस्ताव लोकतंत्र को अधिक व्यापक और समावेशी बनाएगा तथा महिलाओं को राजनीतिक नेतृत्व में आगे बढ़ने का अवसर प्रदान करेगा। कार्यक्रम में अतिथियों का शाल एवं श्रीफल से सम्मान किया गया। इस अवसर पर महिलाओं द्वारा आकर्षक सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी गई, जिसने आयोजन को और अधिक जीवंत एवं प्रभावशाली बना दिया। उपस्थित सभी महिलाओं एवं नागरिकों ने महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देने, समान अधिकारों की स्थापना तथा समाज में जागरूकता फैलाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम में महापौर नगर निगम श्री जीवर्धन चौहान, सभापति श्री डिग्री लाल साहू, जिला पंचायत अध्यक्ष दीपक सिदार, जिला पंचायत सदस्य सुषमा खलखो, जिला पंचायत सदस्य पुसौर भाग्यवती डोलनारायण नायक, जनपद पंचायत रायगढ़ अध्यक्ष सुजाता चौहान, जनपद पंचायत धरमजयगढ़ अध्यक्ष लीनव राठिया, जनपद पंचायत पुसौर अध्यक्ष हेमलता चौहान, जनपद पंचायत खरसिया अध्यक्ष रामकुमारी चौहान, जनपद पंचायत अध्यक्ष लैलूंगा ज्योति भगत, सलिता चौहान, विदुला तामस्कर, ममता सिंह ठाकुर, त्रिवेणी डहरे, संध्या पाण्डेय, डॉ.सुत्रिता त्रिपाठी, डॉ.रितु शर्मा, शोभा शर्मा, डॉ.काकोली पटनायक, अनुषा कातोरे, अनिता कपूर सहित बड़ी संख्या में नारी शक्ति, जिला पंचायत सीईओ अभिजीत बबन पठारे, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास एल.आर.कच्छप और विभागीय अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे। मंच का संचालन रेखा महामिया और वीना विश्वास ने किया।











