बीजापुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित बीजापुर जिले से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। सीआरपीएफ की 22वीं बटालियन में तैनात एक जवान ने बुधवार सुबह अपनी ही सर्विस राइफल से खुद को गोली मार ली। गोली इतनी गंभीर थी कि गले को चीरते हुए सिर के पार निकल गई, जिससे जवान की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना मिंगाचल कैंप की है, जहां सुबह करीब 5 बजे यह आत्मघाती कदम उठाया गया। मृतक जवान की पहचान पप्पू यादव के रूप में हुई है, जो बिहार के भोजपुर जिले के निवासी थे। बताया जा रहा है कि वे सिर्फ एक दिन पहले ही छुट्टी से ड्यूटी पर लौटे थे।
घटना के बाद कैंप में अफरा-तफरी मच गई। साथी जवानों ने तुरंत इसकी सूचना वरिष्ठ अधिकारियों और पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेजा और मर्ग कायम कर जांच शुरू कर दी है।
बीजापुर पुलिस अधीक्षक डॉ. जितेन्द्र यादव ने घटना की पुष्टि की है। फिलहाल जवान द्वारा खुदकुशी जैसे गंभीर कदम उठाने के पीछे के कारणों की जांच की जा रही है। प्रारंभिक तौर पर किसी प्रकार का सुसाइड नोट नहीं मिला है।
यह घटना एक बार फिर सुरक्षा बलों के मानसिक स्वास्थ्य और ड्यूटी के तनावपूर्ण माहौल पर सवाल खड़े कर रही है। जवान की आत्महत्या के पीछे व्यक्तिगत कारण थे या ड्यूटी से जुड़ा कोई दबाव, इसका खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा।












