• 51 फीट श्री बजरंगबली प्रतिमा स्थापना हेतु भूमि पूजन की तैयारी तेज, बैठकों का दौर जारी…
रायगढ़। शहर के प्रमुख आस्था केंद्र पहाड़ मंदिर में प्रस्तावित 51 फीट ऊंची श्री बजरंगबली जी की भव्य प्रतिमा स्थापना को लेकर तैयारियां अब गति पकड़ चुकी हैं। पहाड़ मंदिर नवनिर्माण समिति द्वारा शहर की विभिन्न समाज, सामाजिक संस्थाओं व कॉलोनियों में लगातार बैठकें आयोजित कर समाज की सहभागिता सुनिश्चित की जा रही है।
इसी क्रम में 21 अप्रैल, बुधवार को गजानंद पुरम कॉलोनी और कृष्णा विहार कॉलोनी में महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें आगामी 7 मई को होने वाले भूमि पूजन कार्यक्रम को भव्य और सफल बनाने पर विस्तृत चर्चा हुई। बैठक में कॉलोनीवासियों ने पूरे उत्साह के साथ इस धार्मिक आयोजन में सहयोग देने का भरोसा जताया।
समिति के सदस्यों ने बताया कि पहाड़ मंदिर को एक विकसित धाम के रूप में तैयार करने की योजना है, जिसमें 51 फीट ऊंची बजरंगबली प्रतिमा मुख्य आकर्षण का केंद्र होगी। इस ऐतिहासिक भूमि पूजन कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ शासन के वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी के कर कमलों से पूजन संपन्न होगा। साथ ही, कार्यक्रम में सभी समाजों की भागीदारी सुनिश्चित करने का प्रयास किया जा रहा है, ताकि यह आयोजन सामूहिक आस्था और एकता का प्रतीक बन सके।
कॉलोनी के निवासियों ने बताया कि बैठक का माहौल अत्यंत सकारात्मक रहा और उपस्थित लोगों ने इस परियोजना के प्रति पूर्ण समर्थन व्यक्त किया। बैठक के दौरान मंदिर को एक भव्य और सुव्यवस्थित धाम के रूप में विकसित करने की विस्तृत रूपरेखा साझा की गई, जिसमें श्रद्धालुओं के लिए बेहतर सुविधाएं, धार्मिक वातावरण और आकर्षक संरचना पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
निवासियों के अनुसार, इस पूरी योजना का सबसे प्रमुख आकर्षण 51 फीट ऊंची श्री बजरंगबली जी की विशाल प्रतिमा होगी, जो न केवल आस्था का केंद्र बनेगी, बल्कि दूर-दूर से आने वाले श्रद्धालुओं को भी आकर्षित करेगी।
इस अवसर पर पहाड़ मंदिर नवनिर्माण समिति से डॉ. पवन अग्रवाल, बाबूलाल अग्रवाल, दीपक डोरा, कल्पेश पटेल, उमेश थवाईत, राजू हिंदुजा सहित कई प्रमुख सदस्य उपस्थित रहे।
समिति द्वारा दान और भेंट के लिए शीघ्र ही ऑनलाइन स्कैनर सुविधा भी शुरू की जाएगी, जिससे लोग आसानी से डिजिटल माध्यम से सहयोग कर सकेंगे। सभी से इस पुण्य कार्य में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की गई है।
यह आयोजन न केवल एक धार्मिक पहल है, बल्कि समाज की एकजुटता, सहयोग और श्रद्धा का सशक्त उदाहरण भी बनने जा रहा है।

















