रायगढ़, 15 जनवरी 2026। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के सुशासन और अंत्योदय के विजन को जब प्रशासनिक नेतृत्व का साथ मिलता है, तब विकास की तस्वीर धरातल पर दिखाई देने लगती है। रायगढ़ जिले के विकासखण्ड लैलूंगा के ग्राम रेगड़ी स्थित छात्रावास में लंबे समय से चली आ रही पेयजल एवं निस्तारी की समस्या का समाधान इसी समन्वय का परिणाम है। मुख्यमंत्री की जनकल्याणकारी सोच को धरातल पर उतारते हुए कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी ने जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) मद से 28 लाख 99 हजार रुपए की प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान कर बच्चों को शुद्ध पेयजल की स्थायी सौगात दी है।
दूरस्थ अंचल में स्थित ग्राम रेगड़ी के छात्रावास में अध्ययनरत विद्यार्थियों को लंबे समय से पीने के साफ पानी और दैनिक निस्तारी में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था। यह समस्या केवल असुविधा नहीं, बल्कि बच्चों के स्वास्थ्य, स्वच्छता और शिक्षा से सीधे जुड़ी हुई थी। जिला प्रशासन ने इसे गंभीरता से लेते हुए तत्काल छात्रावास में शुद्ध पेयजल की सतत उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए जिला खनिज न्यास (डीएमएफ) फंड से नवीन नलकूप खनन के लिए प्रशासनिक स्वीकृति प्रदान की गई है।
नलकूप खनन कार्य पूर्ण होने के बाद छात्रावास में रहने वाले बच्चों को स्वच्छ और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध होगा। इससे न केवल जल संकट समाप्त होगा, बल्कि स्वच्छता, स्वास्थ्य और अध्ययन का वातावरण भी बेहतर होगा। अब बच्चों का समय और ऊर्जा पानी की चिंता में नहीं, बल्कि पढ़ाई और आत्मविकास में लगेगी। विद्यार्थियों ने राज्य शासन एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए खुशियों का इजहार किया है।







